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दोस्त ने गांड चोदकर मजा दिया

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हैल्लो दोस्तों, मेरे एक दोस्त का नाम अदनान है, वो मुझसे क़रीब 8 साल बड़ा है. यानी उसकी उम्र 26 साल है और उसका कद 6 फुट 4 इंच है, वो हमेशा दिलचस्प बातें सुनाता है इसलिए हमारे ग्रुप में काफी लड़के उसे पसंद करते है. उसके घरवाले हमारे घर पर आते रहते थे. मेरे माता पिता भी उसे काफ़ी पसंद करते थे, इसलिए उसका अक्सर मेरे पास आना क़िसी को बुरा नहीं लगता था. में तो आपको अपना नाम ही बताना भूल गया.

मेरा नाम मुसावीर है और प्यार से सब मुझे गुल्लू कहकर पुकारते थे, इसलिए में पूरे मोहल्ले में गुल्लू से ही याद किया जाता हूँ, मेरी उम्र इस वक़्त 18 साल है और मेरा क़द 5 फुट 6 इंच है. मुझे खेल में भी काफ़ी शौक़ है, इसी वजह से में अदनान से काफ़ी करीब आने लगा और सेक्स के मामले में तो में बिल्कुल ज़ीरो हूँ यानी आगे और पीछे से बिल्कुल वर्जिन हूँ सिर्फ़ पढाई और फिर स्पोर्ट्स इसके अलावा और कुछ नहीं. में पढाई में कुछ कमजोर हूँ, लेकिन जब से अदनान मिला तो वो मुझे हेल्प करता था, जिससे मेरे पेरेंट्स उसे काफ़ी खुश थे कि चलो गुल्लू की हेल्प हो जायेगी.

एक दिन मैंने अदनान से कहा मेरे एग्जाम आ रहे है क्या तुम मेरी हेल्प करोंगे? अदनान ने कहा मेरे भी फाइनल एग्जाम है, ठीक है ऐसा करो तुम मेरे घर आ जाओ और फिर में भी तुम्हारे घर पर आ जाता हूँ, इस तरह से में भी तैयारी करता रहूँगा और साथ में तुम्हें भी हेल्प करूँगा, कैसा रहा? गुल्लू ने कहा में अपने माता पिता से पूछ लेता हूँ और तुम भी पूछ लेना. फिर हम दोनों दूसरे दिन मिले तो अदनान ने पूछा तुमने पूछ लिया, तो में बोला हाँ मैंने तो अपने पेरेंट्स से तो पूछ लिया और उन्होंने इजाज़त भी दे दी, अब तुम बताओ. तो गुल्लू ने कहा अदनान भाई मुझे भी इजाज़त तो मिल गयी, अब हम एक दूसरे की हेल्प कर सकते है.

फिर हमने एग्जाम की तैयारी के लिए आज से ही प्रोग्राम बना लिया, वो मेरे ही बिस्तर पर बैठकर पढने लगा और मुझे साथ में बैठा लिया और मुझसे कहा कि गुल्लू दरवाज़ा लॉक कर लो अगर कोई आ जायेगा तो हमारी पढाई में डिस्टर्ब होगा. गुल्लू बोला अदनान भाई इधर कोई नहीं आता. सब लोग नीचे है, वो कभी भी मुझे देखने नहीं आते, लेकिन अगर आप कहते है तो में दरवाज़ा लॉक कर देता हूँ. फिर हम साथ में पढ़ते रहे और उसके बाद नींद आने पर सो गये. आधी रात में मुझे अपने जिस्म पर एक हाथ सहलाता हुआ मिला, वो हाथ मेरे दोस्त अदनान भाई का था. मैंने थोड़ा इग्नोर किया कि ऐसे ही नींद में हो गया होगा, लेकिन वो मेरी छाती पर हाथ चलाने लगा, वास्तव में बहुत गोरा और चिकना हूँ, मज़ा तो मुझे भी आने लगा था.

फिर उसने मेरा लंड पकड़ लिया, मैंने भी उसे मना नहीं किया और में चुपचाप लेटा रहा और मज़ा लेता रहा. मेरे साथ ऐसा पहली बार हो रहा था इसलिए में काफ़ी उत्तेजित हो गया और उसके बाद वो मेरे होठों को चूमने लगा और मेरी बनियान को ऊपर करके मेरी पीठ चूमने लगा. फिर में अपने होश खोने लगा और फिर उसने मुझे पीठ के बल लेटाकर आगे से भी मेरी बनियान को ऊपर उठाकर मेरे सीने को और निप्पल को दबाने लगा. मुझे एक पल ऐसा लगा कि में एक लड़की हूँ, जिसे मेरा फ्रेंड चोद रहा है.

सच में वो मुझे एक लड़की की तरह ही चोद रहा था, में आँख बंद किए हुए चुपचाप लेटा हुआ था. फिर उसने मेरे निपल्स को अपने होठों और दातों के बीच में ले लिया और चूसने लगा, जिससे मेरे सारे रोम-रोम खड़े हो गए. तब मैंने बिल्कुल ज़रा सा रेस्पॉन्स करते हुए उसके मुहं को अपने सीने से और ज़ोर से लगा दिया और वो मेरे निपल्स को ज़्यादा से ज़्यादा अंदर ले सका. उसने मेरे पेट पर, मेरे गले पर, गाल पर और यहाँ तक की मेरे अंडर आर्म्स में पागलों की तरह बहुत किस किए, उसके बाद उसने मेरी चड्डी में हाथ डालकर मेरे चूतड़ को दबाना शुरू कर दिया.

फिर उसने मुझे पेट के बल लेटा दिया. में चुपचाप लेट गया और उसके बाद उसने जो किया तो मुझे कुछ होश नहीं रहा. फिर उसने मेरी चड्डी उतार दी और मेरे चूतड़ो पर पागलों की तरह किस करने लगा और चाटने लगा और दबाने लगा. फिर उसने अपना थूक मेरी गांड के छेद में लगाया और मेरी एक टाँग ऊपर उठाई और अपना लंड मेरे गीले और गर्म गांड के छेद में लगा दिया और फिर मेरे निप्पल दबाने लगा.

फिर कुछ दो चार बार कोशिश करने के बाद फिर एकदम से उसने अपना 8 इंच का लंड मेरी गांड में डाल दिया, मुझे दर्द बहुत हुआ तो में उसके बाल पकड़कर खींचने लगा. लेकिन वो तो बस अपने काम में खोया हुआ था. मेरे मुहं से आवाज़ें निकल रही थी, अहहह्ह्ह्हह में मर गया, अब छोड़ो, बहुत दर्द हो रहा है, उईईईईइ ऊऊओ में मर गया, यह आवाज़ें सुनकर भी अदनान पर कुछ असर नहीं हुआ. उस पर तो जवानी का भूत सवार था फिर मुझे भी अब मज़ा आने लगा.

फिर मैंने उससे कुछ नहीं कहा और सीधे अलग होना चाहा, लेकिन उसने मुझे नहीं छोड़ा तो मैंने कहा कि दर्द हो रहा है. तो उसने अपना लंड निकाला, लेकिन वो निकालते वक़्त अपना जूस मेरे अंदर डाल चुका था. उसने कहा अब से यह तुम्हारी गांड मेरे लिए है. में जिस वक़्त चाहूं तुम्हारी गांड मार सकता हूँ अब ये तुम्हारी गांड चुदाई के लिए हमेशा के लिए तैयार हो गयी. फिर मैंने कुछ नहीं कहा इस तरह से मेरे एक खास दोस्त ने मेरी गांड मार ली थी, में उसे शर्म से मना भी नहीं कर पाया और उसने मेरी गांड की चुदाई कर डाली. फिर ऐसा एग्जाम की तैयारी के दौरान 12-15 बार हुआ, कभी उसके घर पर या फिर मेरे घर पर, वो मुझे बिल्कुल एक लड़की की तरह चोदा करता था. मुझे उसके साथ बहुत ज़्यादा मज़ा आने लगा था.

में नींद का बहाना करता रहता था और वो मुझे चोदता रहता था, लेकिन अब में कभी-कभी उसका लंड पकड़ लेता था और उसका हाथ अपने सीने में रख लेता था, ताकि वो मेरे निपल्स दबायें और चूसे. उसने मेरे निपल्स बहुत चूसे है और कभी ज्यादा खुजली हो जाने पर अपने कुल्हे उठाकर या अपने चूतड़ उसके लंड पर रख देता था, इतना सब कुछ होने के बाद हम सुबह एक दूसरे से नज़रे भी मिलाने में थोड़ा हिचकिचाते थे. फिर कुछ देर के बाद में सब सही हो जाता था. मैंने और मेरे दोस्त अदनान ने कभी आपस में इस बारे में बात नहीं की और जैसे रहते थे बस वैसे ऐसे ही रहने लगे.

अब एग्जाम भी ख़त्म हो गये थे, फिर हम दोनों कोई प्रोग्राम बना कर होटल में दो चार दिन के लिए चले जाते थे. में अक्सर उसे अब अपने घर में ज़्यादा रोकने लगा था ताकि उसने जो अपने लंड की जगह मेरी गांड में बना दी है, वो पूरी होती रहे. उसने मुझे बहुत चोदा, मेरी गांड को तो हमेशा उसके लंड का इंतज़ार रहता था, उसने मुझे हमेशा कई नये-नये तरीख़े और स्टाईल में चोदा. फिर कभी मौका मिलते ही मेरी गांड मारी, लेकिन आज तक हमने कभी आपस में इस बारे में बात नहीं की, अब वो बहुत जल्दी झड़ जाता था और ज़्यादा से ज़्यादा 2-3 मिनट तक ही मेरी गांड के अंदर चल पाता था.

अब तो उसने मुझे भी गांड मारना सिखा दिया था. पहली बार मैंने उसकी गांड मारी, मुझे बड़ा मज़ा आया. फिर में अपने स्कूल के लड़को की गांड मारता रहा, कभी-कभी में अदनान के लिए भी क्यूट लड़के ले आता था और ऐसा 4 साल तक चला. इस दौरान उसने मेरी गांड कम से कम 200 बार मारी होगी और मैंने भी इसी दौरान उसकी गांड को 20-25 बार मारी होगी और में उसका लंड तो हमेशा से ही चूसता था. फिर में पढ़ाई करने लन्दन चला आया. अब में इधर के गोरे लड़को की खूब गांड मार रहा हूँ.

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